“घी-दूध की नदियाँ बहाना” मुहावरे का अर्थ और वाक्य प्रयोग / Ghee Dudh Ki Nadiya Bahana Meaning In Hindi
Ghee Dudh Ki Nadiya Bahana Muhavare Ka Arth Aur Vakya Prayog / घी दूध की नदियां बहाना मुहावरे का क्या मतलब होता है? मुहावरा: “घी-दूध की नदियाँ बहाना”। (Muhavara- Ghee Dudh Ki Nadiya Bahana) अर्थ- अत्यंत समृद्ध होना / किसी भी प्रकार की कमी न होना । (Arth/Meaning in Hindi- Atyant Samridh Hona / Kisi Bhi Prakar Ki Kami Na Hona) “घी-दूध की नदियां बहाना” मुहावरे का अर्थ/व्याख्या इस प्रकार है- अर्थ: “घी-दूध की नदियाँ बहाना” मुहावरे का अर्थ है – अत्यधिक समृद्धि होना, चारों ओर सुख-संपन्नता का वातावरण होना, धन-धान्य और ऐश्वर्य की प्रचुरता होना। जब किसी स्थान, समाज या देश में इतनी अधिक संपन्नता हो कि लोगों को किसी वस्तु की कमी न हो, तब इस मुहावरे का प्रयोग किया जाता है। व्याख्या: हिंदी भाषा में मुहावरे भावों को सजीव और प्रभावशाली बनाने का कार्य करते हैं। “घी-दूध की नदियाँ बहाना” भी ऐसा ही एक प्रचलित और चित्रात्मक मुहावरा है, जो किसी स्थान की अत्यधिक समृद्धि को दर्शाता है। घी और दूध भारतीय संस्कृति में पोषण, शुद्धता और समृद्धि के प्रतीक माने जाते हैं। प्राचीन काल से ही दूध को जीवनदायी...
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